Press "Enter" to skip to content

सेसई के जैन मंदिर में चोरों ने किया चोरी का प्रयास, 5 ताले तोड़े / Shivpuri News

-लेकिन सुरक्षा व्यवस्था के कारण मूर्ति तक नहीं पहुंच सके चोर, पहले भी दो बार हो चुकी है इस मंदिर में चोरी

शिवपुरी। लगभग 1 हजार साल पुराने सेसई के ऐतिहासिक महत्व के प्राचीन जैन मंदिर से चोरों ने कल रात चोरी का असफल प्रयास किया। चोरों ने 5 ताले तोड़े लेकिन वह मूर्तियों और दान पात्र तक नहीं पहुंच सके। इससे खिसयाए चोरों ने टीव्ही तोड़ दी और डीवीडी प्लेयर चुरा कर ले गए। जिससे चोरों की हरकत कैमरों के जरिए सामने नहीं आ सकी। इस मंदिर में 7 साल में चोरी की यह तीसरी बारदात है। इससे पूर्व तीन साल पहले चोर प्रथम र्तीथंकर भगवान आदिनाथ और 16 वें तीर्थंकर भगवान शांतिनाथ की भव्य मूर्तियां चुरा ले गए और दान पात्र में रखे पैसों को भी वह ले उड़े थे। चोर सीसीटीव्ही कैमरा सिस्टम के साथ-साथ पुजारी के कमरे का सामान भी समेट ले गए। चोरी की इस बारदात का आज तक खुलासा नहीं हुआ है। 2015 में भी चोरों ने सेसई जैन मंदिर को निशाना बनाया था और यहां से र्तीथंकरों की प्रतिमाएं उड़ाई थीं।
शिवपुरी से लगभग 15 किमी दूर भगवान शांतिनाथ का प्राचीन मंदिर है। जिसमें लगभग एक हजार साल पुराने तीर्थंकरों की अमूल्य प्रतिमाएं हैं। यह मंदिर सूनसान क्षेत्र में बना हुआ है। यहीं कारण है कि अक्सर चोरों के निशाने पर रहता है। इस जैन मंदिर में चोरी की बारदातें होने के कारण जैन समाज ने यहां सुरक्षा की भी व्यवस्था कर रखी है। लेकिन फिर भी कुछ न कुछ खामी तो रह ही जाती है और उसका फायदा चोर उठाते हैं। मंदिर में पुजारी और चोकीदार भी हैं। लेकिन कल रात इतनी सफाई से चोर घुसे की उन्हें उनकी भनक भी नहीं लगी। चोरों ने दीवार फांदकर मंदिर में प्रवेश किया और एक-एक कर 5 ताले तोडे लेकिन वह मुख्य मंदिर में प्रवेश नहीं कर सके। इसके बाद चोरों ने शायद गुस्से में मंदिर में लगी टीव्ही फोड़ दी और डीवीडी प्लेयर आदि उठाकर ले गए। मंदिर में कैमरे भी लगे हैं। लेकिन डीवीडी प्लेयर उठाकर ले जाने के कारण चोर कैमरों में कैद नहीं हो सके। सुबह जब पुजारी जागा, तब उसे इस चोरी की खबर लगी और उसने समाज को सूचित किया। सूचना मिलने पर कोलारस पुलिस भी घटनास्थल पर पहुंच गई और उसने अपनी जांच शुरू कर दी। खुशी की बात यह रही कि मंदिर के ताले अवश्य टूटे लेकिन चोर मंदिर से प्रतिमाएं नहीं ले जा सके। जिससे जैन समाज में राहत महसूस की जा रही है।

तीन साल पहले हुई चोरी का आज तक नहीं लगा सुराग
तीन साल पहले ग्राम सेसई स्थित प्राचीन जैन मंदिर से बदमाशों ने चोरी की सनसनीखेज बारदात को अंजाम दिया था। चोरों ने पुजारी, उनकी पत्नी सहित चौकीदार को बंधक बना लिया था और मंदिर के दानपात्र से लाखों रूपए की धनराशि चुराने के अलावा पुजारी के घर से भी लाखों का माल बटोरा था। चोर भगवान आदिनाथ और भगवान शांतिनाथ की ऐतिहासिक महत्व की प्रतिमा भी ले गए थे। चोर सीसीटीव्ही कैमरा भी साथ ले गए थे। पुलिस ने लूट और डकैती की इस बारदात में महज चोरी की कायमी की थी। जिससे भी जैन समाज में आक्रोश था। पुलिस आज तक इस चोर गिरोह का पता नहीं लगा सकी है और न ही मूर्तियों का कोई सुराग लगा है।

इनका कहना है-
मंदिर में चोरी की बारदातें होने से सजग जैन समाज ने यहां सुरक्षा व्यवस्था के इंतजाम कर रखे हैं। लेकिन फिर भी इसमें कुछ खमियां थी। जिस कारण चोर मंदिर तक पहुंच गए। निरीक्षण के दौरान जैन समाज को सुरक्षा व्यवस्था मजबूत बनाने के लिए सुझाव दिए गए। मंदिर की दीवार ऊंची कर काफी हद तक सुरक्षा संभव है।
मनीष शर्मा
टीआई कोलारस

More from Fast SamacharMore posts in Fast Samachar »

Be First to Comment

Leave a Reply

error: Content is protected !!