शिवपुरी । कोरोना काल में टीकाकरण में जहां अधिकांश वर्ग महामारी से जान बचाने का रास्ता देख रहा था, वहीं स्वास्थ्य विभाग आगे आकर लोगों को बचाने में दिन-रात जुटा था। सबसे अहम भूमिका उन स्वास्थ्यकर्मियों की थी, जो संक्रमण का खतरा होने के बावजूद टीकाकरण में जुटी थीं। मध्य प्रदेश के शिवपुरी और छतरपुर की ऐसी ही दो एएनएम को दिल्ली में केंध सरकार द्वारा 8 मार्च को महिला दिवस पर विशेष कार्यक्रम में स्ाम्मानित किया जाएगा। शिवपुरी की अलका श्रीवास्तव ने जहां रिकार्ड टीकाकरण किया है, वहीं छतरपुर के माया अहिरवार ने जोश और जज्बा दिखाते हुए इस दौरान एक भी छुट्टी नहीं ली।
16 जनवरी 2021 को छतरपुर में कोविड-19 का पहला टीका लगाने वाली एएनएम माया अहिरवार ने एक लाख 1136 टीके लगाए हैं। वर्ष 2005 से माया अहिरवार छतरपुर जिला अस्पताल में एएनएम के पद पर पदस्थ हैं। बिना अवकाश लिए कोविड वैक्सीनेशन के प्रति उनके समर्पण भाव को देखते हुए मप्र सरकार उन्हें सम्मानित कर चुकी है।
अलका ने 1 लाख 10 हजार को दिया कोरोना कवच
शिवपुरी जिला अस्पताल में टीकाकरण सेन्टर में पदस्थ नर्स अल्ाका श्रीवास्तव ने भी बिना कोई अवकाश लिए टीकाकरण किया और टीकाकरण के 856 सेशन करते हुए शहर भर के 1 लाख 10 हजार 415 लोगों को कोविड का टीका लगाकर कोरोना से सुरक्षा प्रदान की। वह मप्र में सर्वाधिक टीकाकरण करने के मामले में दूसरे नंबर पर रही हैं। उन्होंने एक ही दिन में 1300 लोगों को वैक्सीन लगाकर रिकॉर्ड वैक्सीनेशन किया था। इसी के चलते अब उन्हें कोरोना योद्धा के रूप में दिल्ली में सम्मानित किया जाएगा। सेवा और समर्पण के साथ टीकाकरण के चलते उन्हें राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद भी करीब तीन वर्ष पूर्व उन्हें राष्ट्रपति भवन में सम्मान प्रदान कर चुके हैं।






Be First to Comment