मल्टीमीडिया डेस्क। रावेंद्र सिंह नाम के एक शख्स ने जॉब रैकेट के झांसे
में आकर 8 लाख रुपए गंवा दिये। हालांकि उसका दर्द समझा जा सकता है लेकिन
उसने इसके बाद कुछ और ही तय किया।
उसने तय किया कि अब वह भी
बेरोजगारों को ठगेगा और अपने नुकसान की भरपाई करेगा। अपने तीन साथियों के
साथ वह पकड़ा गया है और पूछताछ में पाया गया है कि उन्होंने 50 बेरोजगारों
से 4 से 8 लाख रुपए ऐंठे हैं।
आरोपी ने अपने शिकारों से सीबीआई,
एफसीआई और रेलवे जैसे बड़े संस्थानों में नौकरी दिलवाने का झांसा दिया था।
लोगों को विश्वास में लेने के लिए वे ट्रेनिंग प्रोग्राम चलाते थे और जॉब
के लिए टेस्ट लेते थे।
एक पीडि़त ने दिल्ली पुलिस से शिकायत की,
उसके बाद ये लोग पकड़े गए। वह छह महीने में साढ़े सात लाख रुपए दे चुका था।
पकड़े जाने पर उससे सीबीआई की कार्यप्रणाली के बारे में पूछा गया, जिसका
वह जवाब नहीं दे सका
और खुद को ठग स्वीकार किया। वह एक प्राइवेट नौकरी करता था। शादी के बाद खर्चे बढ़ गए।
तभी एक व्यक्ति ने उसे सरकारी नौकरी दिलाने के नाम पर ठगा। वह 8 लाख खो चुका था। इसके बाद उसने दूसरों को ठगना शुरू कर दिया।
नौकरी के लिए हुआ ठगी का शिकार
More from Fast SamacharMore posts in Fast Samachar »
- “पटवारी जी, आप कहां हो?”… जवाब सुनते ही SDM का एक्शन, वेतन राजसात और नोटिस जारी / Shivpuri News
- दिव्यांगों ने कलेक्टर से लगाई गुहार: रोजगार के लिए चौराहों और सार्वजनिक स्थलों पर दुकानें आवंटित करने की मांग / Shivpuri News
- भाभी के साथ रहने का आरोप, गर्भ में पल रहे बच्चे को ठुकराया: विवाहिता ने कलेक्टर से मांगा न्याय / Shivpuri News
- PM आवास की किस्त पर ‘कट’ का आरोप: सरपंच पति के खिलाफ खोला मोर्चा, 10 हजार रुपये नहीं देने पर जियो-टैग फोटो नहीं खींचने का आरोप / Shivpuri News
- खेती की जमीन पर परियोजना का विरोध, तीन गांवों के ग्रामीण बोले— उजड़ जाएगा रोजगार और आशियाना / Shivpuri News





Be First to Comment