शिवपुरी: आज (सोमवार को) मध्यप्रदेश की विधानसभा में भोपाल पहुंचकर सभी नवनिर्वाचित विधायकों को गोपनीयता की शपथ दिलाई गई। जिसमें शिवपुरी जिले के पांच विधानसभाओं से चुने गए चार भाजपा और एक कांग्रेस के विधायक ने गोपनीयता की शपथ ली। इसके बाद से मध्यप्रदेश की 16वीं विधानसभा का पहला सत्र शुरू हो गया है। चार दिवसीय यह सत्र 21 दिसंबर तक चलने वाला है।
बता दें कि शिवपुरी जिले की पांच विधानसभाओं में से दो विधानसभा से दो विधायकों ने पहली बार विधायक बन कर गोपनीयता की शपथ ली है। पोहरी विधानसभा से कांग्रेस के चुने गए विधायक कैलाश कुशवाह ने आज पहली बार विधायक बनने के बाद शपथ ली है। इसके अतिरिक्त पिछोर से भाजपा के चुने गए विधायक प्रीतम लोधी ने भी पहली बार विधायक बनने के बाद शपथ ली है। दोनों ही विधायक पूर्व में भी चुनाव लड़ चुके हैं लेकिन उन्हें हार का सामना करना पड़ा था। लेकिन इस बार उनके किस्मत के सितारे चमके और उन्हें जीत हासिल हुई। वहीं शिवपुरी से भाजपा विधायक देवेंद्र जैन, करैरा से भाजपा विधायक रमेश खटीक और कोलारस से भाजपा विधायक महेंद्र यादव ने आज शपथ ली है। तीनों विधायक पूर्व में भी विधायक रह चुके हैं।
चारों विधायकों की मंत्री बनने की आस
विधायकों की शपथ होने के बाद अब विधायकों की निगाहें मंत्री पद मिलने की ओर टिकी हैं। बता दें कि जिले की पांच विधानसभाओं में चार पर भाजपा ने जीत दर्ज कराई है। सभी चारों विधायकों की जीत की अलग ही कहानी है जो बताती है कि उन्हें सरकार के मंत्री मंडल में शामिल किया जाए। बात करें शिवपुरी विधानसभा से रिकॉर्ड जीत दर्ज करने वाले विधायक देवेंद्र जैन बन गए है उन्होंने 43,030 वोटों से जीत दर्ज कराई।
शिवपुरी विधानसभा में 90 के दशक से अब तक की सबसे बड़ी जीत है। इसी प्रकार कोलारस से भाजपा विधायक बने महेंद्र यादव ने 50,973 मतों से रिकॉर्ड मतों से जीत दर्ज कराई है। उनकी 90 के दशक से कोलारस में अब तक की सबसे बड़ी जीत है। करैरा विधानसभा ने वर्ष 2013 के बाद 2023 में कमल खिला है लंबे इन्तजार के बाद रमेश खटीक ने भाजपा की और से जीत दर्ज कराई है।
बता दें 2008 में रमेश खटीक ही भाजपा की ओर से चुनाव जीते थे इसके बाद से करैरा सीट पर कांग्रेस का कब्जा था। पिछोर विधानसभा सीट वर्षों गुजर जाने के बाद भाजपा के पाले में गई है। 1990 में आखिरी बार भाजपा के लक्ष्मी नारायण गुप्ता चुनाव जीते थे इसके बाद लगातार पिछोर सीट पर कांग्रेस का कब्जा रहा। 2023 विधानसभा का चुनाव जीते भाजपा प्रत्याशी प्रीतम लोधी भी पिछले दो बार से हार का सामना कर रहे थे। लेकिन इस बार उन्हें जीत हासिल हुई और लंबे अंतराल के बाद भाजपा के खाते पिछोर की सीट जुड़ी।







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