
शिवपुरी। पिछले 10 वर्षों से शिवपुरी की जनता को पानी के लिए जिस सिंध जलावर्धन की योजना की इंतजार था उसी जनता के विश्वास पर नगरपालिका के जिम्मेदारों ने कुठाराघात किया है। क्योंकि जिस जलावर्धन योजना की निर्माण एजेंसी नगरपालिका है उसी जलावर्धन योजना में दोशियान कंपनी द्वारा घटिया पाइपों का इस्तेमाल किया है और आज पानी का दबाव नहीं सह पा रहे और पाइप लाइन जगह-जगह से टूट चुकी है। यहां खासबात यह है कि जब दोशियान ने यह पाइप बिछाए तब नगरपालिका के इंजीनियर क्या कर रहे थे क्या उस समय वे पाइपों की क्षमता का आंकलन नहीं कर पाए? आज सिंध जलावर्धन योजना के पाइप जिस तरह से सूखे पत्तों की तरह टूट रहे हैं उससे कहीं न कहीं बड़़े हेर फेर की बू आ रही है। शायद इसी के चलते प्रोजेक्ट की मॉनीटरिंग नहीं की गई और दोशियान अपनी मनमानी करती रही। यहां खासबात यह है कि नगरीय प्रशासन के सीई तक पाइप लाइन को देखकर यह तक चुके हैं कि मेरी 40 साल की नौकरी में ऐसे पाइपों से पानी जाते हुए देश के किसी कोने में मैंने नहीं देखा।




