रेसलर बबीता फोगाट पिता महावीर के साथ जजपा छोड़ भाजपा में शामिल हुईं ! National News

Babita Phogat With Father Mahavir Phogat Join BJP After Quitting Jannayak Janata Party JJP In Haryana

  • केंद्रीय खेल मंत्री किरण रिजिजू ने भाजपा मुख्यालय में महावीर और बबीता को दिलाई पार्टी की सदस्यता
  • रिजिजू ने कहा- महावीर जी देश के लिए मिसाल, बबीता के अनुभव को खेल की बेहतरी के लिए इस्तेमाल करूंगा

पानीपत. हरियाणा में आगामी महीनों में होने जा रहे विधानसभा चुनाव की सरगर्मियां तेज हो गई है। सोमवार को रेसलर बबीता और उनके पिता महावीर फोगाट जननायक जनता पार्टी (जजपा) छोड़कर भाजपा में शामिल हो गए। दिल्ली स्थित भाजपा मुख्यालय में केंद्रीय खेल मंत्री किरण रिजिजू ने उन्हें सदस्यता दिलवाई। हरियाणा भाजपा प्रभारी अनिल जैन और प्रदेशाध्यक्ष सुभाष बराला भी कार्यक्रम में मौजूद रहे। 
‘महावीर जी ने चैम्पियंस पैदा किए, बबीता के अनुभवों का फायदा होगा’
किरण रिजिजू ने कहा- महावीर जी देश के लिए मिसाल हैं। उन्होंने चैम्पियंस पैदा किए। मैं उनका खेल मंत्रालय की ओर से अभिनंदन करता हूं। बबीता युवा हैं। उन्होंने दुनिया की हर रेसलिंग चैम्पियनशिप में भारत का झंडा लहराया। अभी भी वे काफी एक्टिव हैं। राजनीति से जुड़ने के बाद भी आप खेलना जारी रख सकती हैं। मैरीकॉम सांसद बनने के बाद भी खेल से जुड़ी हैं। मैं बबीता के टैलेंट का भरपूर इस्तेमाल करूंगा। उनके अनुभव से खेल को बेहतर बनाने के लिए काम करूंगा। ऐसे लोग भाजपा में आए हैं, जिन्होंने समाज के लिए कुछ काम किया है।’’  
पहले चौटाला परिवार से जुड़ा था फोगाट परिवार
इससे पहले बबीता फोगाट और महावीर फोगाट खुलकर जजपा को समर्थन कर रहे थे। वे समय-समय पर जननायक जनता पार्टी के मंचों पर भी पार्टी को समर्थन देते रहे हैं। लोकसभा चुनाव में जजपा ने फोगाट परिवार को स्टार प्रचारकों में रखा था। फोगाट परिवार काफी समय से चौटाला परिवार से जुड़ा था। जम्मू-कश्मीर में अनुच्छेद 370 निष्प्रभावी करने पर बबीता फोगाट ने मोदी सरकार के समर्थन में कई ट्वीट किए थे।    
सीएम के बहू लाने वाले बयान का भी किया था समर्थन
बबीता ने हाल ही में मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर द्वारा कश्मीर से बहू लाए जाने वाले विवादित बयान का भी समर्थन किया था। उन्होंने ट्वीट किया था कि सीएम ने कुछ भी विवादित नहीं कहा। मेरी मीडिया से प्रार्थना है कि उनके बयान को गलत तरीके से जनता के सामने पेश न करें।