
प्रशिक्षण के पूर्व शुरू किए अभियान ने पुन: पकड़ी गतिकल-कल करते झरने के बीच गुड़ी पड़वा पर भदैयाकुण्ड पर लगेगा मेला
शिवपुरी। शिवपुरी कलेक्टर ओपी श्रीवास्तव द्वारा शिवपुरी जिले को अपनी पर्यटक नगरी की पहचान दिलाने के मकसद से सजाने संवारने के काम में जुटे हुए हैं। प्रशिक्षण के पूर्व उनके द्वारा इस दिशा में शुरू किए गए अभियान ने एक बार फिर गति पकड़ ली है और फिलहाल उनका पूरा ध्यान भदैयाकुण्ड पर है, जहां आगामी 29 मार्च गुड़ी पड़वा के दिन कल-कल करते झरने के बीच दो दिवसीय मेले का आयोजन किया जा रहा है। इस मेले के दौरान यहां कई सांस्कृतिक गतिविधियां भी संपन्न कराई जाएंगी। कलेक्टर ओपी श्रीवास्तव ने शिवपुरी जिले की कमान संभालने के साथ ही अपना लक्ष्य शिवपुरी जिले को पर्यटक नगरी की पहचान दिलाना बनाया था और इस दिशा में उन्होंने लगातार बैठकों कर शहर के बुद्धिजीवियों, समाजसेवियों एवं अन्य जनप्रतिनिधियों से कई दौर की चर्चा की। चर्चा में यह निकलकर आया था कि सबसे पहले शिवपुरी नगर से ही शुरूआत होना चाहिए और सर्वप्रथम शहरवासियों को ही शिवपुरी के पर्यटक स्थलों तक लाने के प्रयास किए जाने चाहिए। इसी मकसद से सर्वप्रथम उन्होंने छत्री रोड पर खण्डहर में तब्दील हो चुके टूरिज्म वेलकम सेंटर को तैयार किया, जहां उन्होंने एक सात दिवसीय मेले का आयोजन किया। हालांकि इस मेले को पहुंच मार्ग ठीक न होने के कारण जितनी सफलता की उम्मीद थी उतनी तो नहीं मिली, लेकिन सर्वजन ने उनके इस प्रयास को खूब सराहा। इसे दुर्भाग्य ही कहा जाएगा कि इस आयोजन के तुरंत बाद कलेक्टर ओपी श्रीवास्तव को 45 दिन के प्रशिक्षण के लिए बाहर जाना पड़ा और इन 45 दिनों में विकास रथ पूरी तरह अवरूद्ध रहा। जाने से पूर्व कलेक्टर यह भी घोषणा करके गए थे कि आगामी 29 मार्च गुड़ी पड़वा से पूर्व भदैयाकुण्ड को एक आकर्षक पर्यटक स्थल के रूप में विकसित कर वहां एक कृत्रिम झरने का निर्माण किया जाएगा जिससे 12 महीने पानी गिरेगा और वह पर्यटकों के आकर्षण का प्रमुख केन्द्र रहेगा, लेकिन उनके प्रशिक्षण पर जाने के बाद प्रभारी कलेक्टर नेहा सिंह मारव्या ने इस ओर कोई ध्यान नहीं दिया और कार्य गति नहीं पकड़ सका, लेकिन फरवरी के अंतिम सप्ताह में कलेक्टर ओपी श्रीवास्तव के वापस आते ही एक बार फिर विकास रथ ने गति पकड़ी और उन्होंने अपना पूरा ध्यान भदैयाकुण्ड पर लगाया जिससे आज परिणाम यह है कि भदैयाकुण्ड को न सिर्फ सजाया संवारा गया, बल्कि प्राकृतिक झरना भी तैयारी के अंतिम चरण में है। कुल मिलाकर कलेक्टर ओपी श्रीवास्तव की शिवपुरी को लेकर पर्यटक नगरी बनाने की मंशा अब फलीभूत होती नजर आ रही है।
एसडीएम के निर्देशन में चल रहा कार्य
शिवपुरी एसडीएम रूपेश उपाध्याय जो डीटीपीसी के प्रमुख भी हैं उन्हीं के नेतृत्व में यह सारा कार्य चल रहा है। वे कलेक्टर ओपी श्रीवास्तव द्वारा दिए जा रहे हर निर्देश का पालन करते हुए भदैयाकुण्ड को सजाने-संवारने का कार्य को अपनी देखरेख में करा रहे हैं। कुल मिलाकर प्रशासनिक अमले की शिवपुरी के विकास की दिशा में चल रही यह पहल अब अमलीजामा पहनती नजर आ रही है।




