नामजद एफआईआर नहीं तो आर-पार! एसपी कार्यालय के बाहर कांग्रेस का चार दिवसीय धरना / Shivpuri News

शिवपुरी। पिछोर में कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ कथित मारपीट के मामले में नामजद आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की मांग को लेकर कांग्रेस ने सोमवार से पुलिस अधीक्षक कार्यालय के बाहर चार दिवसीय धरना शुरू कर दिया। कांग्रेस नेताओं का आरोप है कि शिकायत में नामजद आरोपियों के नाम देने के बावजूद पुलिस ने केवल अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है।धरना सोमवार सुबह 11 बजे शुरू होना था। इससे पहले एडिशनल एसपी संजीव मुले ने जिला कांग्रेस अध्यक्ष मोहित अग्रवाल से चर्चा कर धरना टालने का प्रयास किया, लेकिन सहमति नहीं बन सकी। इसके बाद कांग्रेस पदाधिकारी और कार्यकर्ता एसपी कार्यालय के बाहर धरने पर बैठ गए। धरने में पिछोर विधानसभा क्षेत्र से बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं की मौजूदगी रही।कांग्रेस के अनुसार, 27 मई को पिछोर में नवीन नगर परिषद भवन के पास शांतिपूर्ण धरना-प्रदर्शन के दौरान 10 से 12 बाइकों पर सवार 25 से 30 लोगों ने लाठी-डंडों और प्लास्टिक पाइपों के साथ पहुंचकर कार्यकर्ताओं के साथ मारपीट की और उपद्रव किया।कांग्रेस का कहना है कि पुलिस को दी गई शिकायत में मंगल लोधी, सुनील लोधी, आजाद लोधी, सौरव लोधी, जीवन लोधी, असवेन्द्र लोधी, कपूर लोधी और आकाश लोधी सहित अन्य लोगों के नाम दिए गए थे, लेकिन इसके बावजूद नामजद एफआईआर दर्ज नहीं की गई।पिछोर ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष अनिल गुप्ता ने दावा किया कि घटना स्थल के सीसीटीवी फुटेज और तस्वीरें पुलिस के पास उपलब्ध हैं, जिससे आरोपियों की पहचान संभव है। उन्होंने आरोप लगाया कि क्षेत्र में अपराध बढ़ रहे हैं और पुलिस प्रभावी कार्रवाई नहीं कर रही। साथ ही कांग्रेस कार्यकर्ताओं पर झूठे मामले दर्ज किए जा रहे हैं तथा पुलिस भाजपा के दबाव में काम कर रही है।कांग्रेस नेताओं ने चेतावनी दी है कि यदि नामजद आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन को ग्वालियर और उसके बाद भोपाल तक विस्तारित किया जाएगा। उनका यह भी आरोप है कि प्रशासन ने धरना स्थल पर टेंट लगाने की अनुमति नहीं दी, जिसके चलते कार्यकर्ता सड़क पर बैठकर प्रदर्शन कर रहे हैं।