बीकानेर

आग बुझाने के लिए दमकल अनूपगढ़ से मंगवानी पड़ी।
सोयाबीन तेल से भरे ट्रक में अचानक आग लग गई। हादसे के समय गाड़ी की केबिन में बाप-बेटे थे। उन्होंने किसी तरह गाड़ी से कूदकर अपनी जान बचाई। ट्रक की आग रातभर धधकती रही। 4 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद फायर ब्रिगेड की टीम ने आग पर काबू पाया। मामला बीकानेर के खाजूवाला का है।
हादसा शुक्रवाार रात 11 बजे खाजूवाला-रावला रोड पर संजरवाला के पास हुआ। ट्रक में पैकेट का सोयाबीन तेल भरा हुआ था। ट्रक गुजरात से श्रीगंगानगर की ओर जा रहा था। संजरवाला गांव के पास ट्रक के केबिन में शॉर्ट सर्किट के कारण आग लग गई। बाड़मेर के शिव निवासी चालक-खलासी पिता-पुत्र ने ट्रक की केबिन से कूदकर अपनी जान बचाई। घटना के बाद कोई भी प्रशासनिक अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा।

बीकानेर के खाजूवाला में शुक्रवार की रात में आग लगने के बाद जलता ट्रक।
ट्रक चला रहे बाड़मेर के शिव निवासी अलूदा खान और साथ में बैठे उनके पुत्र अयूब ने पहले मिट्टी डालकर आग बुझाने का प्रयास किया। पर सफलता नहीं मिली। थोड़ी देर में आग तेल तक पहुंच गई और ट्रक जलने लगा। अलूदा और अयूब ने ट्रक से कूदकर जान बचाई। ट्रक में सोयाबीन के तेल के पैकेट भरे थे, जिनका वजन करीब 22 टन था।
ट्रक गुजरात से दो दिन पहले रवाना हुआ था। चालक ने स्थानीय लोगों की मदद से खाजूवाला पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर दमकल बुलाई। तब तक ट्रक जलकर राख हो गया था। काफी दूर से आग की लपटें दिख रही थीं।

22 टन सोयाबीन तेल से भरा ट्रक जलने के बाद कुछ ऐसा हो गया।
खाजूवाला प्रशासन की लापरवाही
घटना के बाद प्रशासन का कोई अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा। स्थानीय लोग आला अधिकारियों को फोन करते रहे, लेकिन किसी ने फोन नहीं उठाया। खाजूवाला पुलिस ही मौके पर पहुंची। आग बुझाने के लिए दमकल अनूपगढ़ से मंगवानी पड़ी। स्थानीय नगर पालिका का कोई अधिकारी भी घटना के वक्त मौके पर नहीं पहुंचा। पुलिस ने ही आग बुझाने के लिए दमकल बुलाई और विद्युत सप्लाई बंद करवाई। करीब चार घंटे कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया जा सका।



