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मंडी कर्मचारियों की लेटलतीफी से भड़के व्यापारी: किसानों ने भी नाराजगी व्यक्त की / Shivpuri News

शिवपुरी: जिले की कोलारस अनाज मंडी में कर्मचारियों की लेटलतीफी से विवाद हो गया। विवाद से अनाज बेचने मंडी पहुंचे किसान भी आक्रोशित हो गए। नौबत यहां तक आ गई कि जाम लगा दिया गया, लेकिन मौके पर पहुंचे तहसीलदार ने मामले को शांत कराया।


जानकारी के अनुसार, कोलारस अनाज मंडी में हर रोज किसानों के अनाज खरीदने के लिए ढांक (अनाज की नीलामी) सुबह 11 बजे शुरू होती है। ढांक लगाने का काम मंडी कर्मचारियों को करना होता है। आज सुबह 11 बजे मंडी में ढांक लगना शुरू नहीं हो सकी थी, जिसके चलते व्यापरियों और किसानों को कर्मचारी का इंतजार करना पड़ा था।

इसी दौरान देरी से आए कर्मचारी से मंडी व्यापार संघ के अध्यक्ष विमल जैन ने मंडी कर्मचारी से देरी से आने का कारण पूछ लिया था। इसी बात से भड़के मंडी कर्मचारी से व्यापार संघ के अध्यक्ष से अपशब्दों का प्रयोग कर दिया था, जिससे भड़के व्यापारियों ने ढांक में हिस्सा नहीं लिया और मंडी प्रबंधन का विरोध शुरू कर दिया।

इधर, मंडी पहुंचे किसानों की फसलों की ढांक नहीं लगने के चलते किसान भी आक्रोशित हो गए। किसानों को हुई परेशानी के बाद किसानों ने हाईवे को जाम कर दिया, लेकिन मौके पर कोलारस तहसीलदार सचिन भार्गव पहुंचे और मामले को शांत कराकर किसानों की फसलों की खरीदी शुरू कराई।

मंडी प्रबंधन पर लगाए आरोप

नाराज व्यापरियों ने बताया कि मंडी सचिव आरपी सिंह की अनदेखी के चलते मंडी की व्यवस्था भंग होती जा रही है। मंडी सचिव गुना में रहते है, इसके चलते वह कभी-कभी ही मंडी आते है उनके द्वारा कर्मचारियों को शह दी जाती है जिसके चलते व्यापरियों सहित किसानों को परेशानियों का सामना करना पढ़ता है।

व्यापरियों ने बताया कि मंडी परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरे बंद पड़े है, जिससे कारण कभी भी वारदात हो सकती है लेकिन आज दिनांक तक कैमरों को सही नहीं करवाया गया, साथ मंडी में जो रेस्टहाउस किसानों और व्यापरियों के लिए बनाया गया है उस पर मंडी कर्मचारियों ने कब्जा कर रखा है।

व्यापरियों ने बताया कि मंडी सचिव ने जानबूझकर मंडी शुल्क रसीद काटने का जिम्मा महिला कर्मचारी को दे रखा है, जबकि व्यापारियों को रात में भी मंडी शुल्क की रसीद कटवानी पड़ती है, इसके चलते व्यापारियों सहित महिला कर्मचारी को असहजता होती है।

व्यापरियों ने बताया कि 3 महीने पहले मंडी कर्मचारी सतीश करारे का ट्रांसफर राधोगढ़ हो चुका है, लेकिन मंडी सचिव की मनमानी के चलते सतीश करारे अभी भी कोलारस की अनाज मंडी में जमा हुआ है। व्यापरियों की समस्या और मांगों का जल्द हल निलाहने की बात तहसीलदार द्वारा कही गई, तब कही जाकर मंडी में ढांक लगना शुरू हो सकी।

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