हिंदू मुस्लिम कौमी एकता की मिसाइल है खनियांधाना के मिस्टर खान
40 वर्षों से दशहरे के पावन पर्व पर रावण दहन करने के लिए बनाते आ रहे हैं अपने खर्चे पर रावण का पुतला
मिस्टर खान के बुजुर्ग होने पर अब उनके बेटे अनवर खान ने उठाया रावण बनाने का बीड़ा
खनियांधाना शिवकांत सोनी: वर्तमान समय में पूरे देश में हिंदू – मुस्लिमों के बीच में नफरत फैलाने वाले लोग सक्रिय हो रहे हैं जिससे आपसी भाईचारा धीरे-धीरे कम हो रहा है वहीं दूसरी ओर शिवपुरी जिले के खनियांधाना नगर में सांप्रदायिक सौहार्द व हिंदू मुस्लिम कौमी एकता की मिसाल पेश करते हुए खनियाधाना के मिस्टर खान पिछले 40 वर्षों से एक मुस्लिम परिवार प्रतिवर्ष दशहरे के दिन दहन किए जाने वाले रावण का पुतला तैयार करता है वह भी पूरे अपने खर्चे पर निस्वार्थ भाव से एवं बिना कोई परिश्रमिक लिए खनियाधाना कस्बे के बस स्टैंड पर स्टैंड कंडक्टर की भूमिका निभाने वाले मिस्टर खान यह कार्य 40 वर्षो से करते चले आ रहे हैं। और रावण बनाने के साथ-साथ नवरात्रि के पावन पर्व पर खनियाधाना में होने वाली रामलीला में भी मिस्टर खान तरह तरह के अभिनय निभाते हैं एवं इनको रामायण की चौपाई भी मौखिक याद है
खास बात यह है कि पिछली कोरोना महामारी के पहले मिस्टर खान जब हज यात्रा पर गए हुए थे। जिससे दशहरे के पावन पर्व पर रावण बनाने का संकट खड़ा हो गया था। जिस पर से पिता जी की परंपरा न टूटे तो उनके पुत्र अनवर खान आगे आते हुए अपने पिता की विरासत को संभालते हुए पूरी लगन और मेहनत करते हुए 40 फुट ऊंचा रावण का पुतला तैयार किया था। मिस्टर खान के पुत्र अनवर खान एक मोटरसाइकिल मैकेनिक हैं मिस्टर खान अब बुजुर्ग होने के कारण वह उतना काम नहीं कर पा रहे है तो अब पिताजी का हाथ बटाते हुए अनवर खान ने 50 फीट लंबा रावण का पुतला बनाकर तैयार कर लिया है जिसको आज बुराई पर अच्छाई की विजय के महापर्व दशहरे पर हाई स्कूल मैदान में दहन किया जाएगा और अनवर खान का कहना है कि है पिताजी की परंपरा मैं कभी नहीं टूटने दूंगा






Be First to Comment