– लापरवाह शिक्षको और स्व सहायता समूहों पर ताबड़तोड़ कार्यबाही के चलते उपजे बिरोध के चलते हटाए गए
खनियाधाना- अभी हाल ही में एक माह पूर्व बीआरसीसी खनियांधाना बनकर आए संजय भदोरिया की लगातार कार्यबाही चर्चा का विषय रही जिसके चलते बह मन्ध्यान्ह भोजन समहू संचालन करने बाले नेताओ की आँख की किरकिरी बन गए अनेकानेक नोटिस के अतिरिक्त कुछ समूहों के कर्ताधर्ता ऐसे भी मिले जिनकी बैंक खातों से राशि आहरण पर रोक लगाई गई । वह है जय भवानी स्व सहायता समूह, हरपालपुर ( नोहरा) ,गोरी माता स्वसहायता समूह ,राजनगर जय कल्याणी स्वसहायता समूह ,राजपुर सरस्वती स्वसहायता समूह ,गरेला जय दुर्गे माँ स्वसहायता समूह, भवानी पूरा , जयदुर्गे माँ रुकाबन , रामदल स्वसहायता समूह डोडरया , एस एम सी, बंधिया ,एस एम सी,डगरिया सहित अनेको समुहो की जानकारी सामने आई है। बही एक दर्जन से अधिक शिक्षको पर कार्यवाही करना महंगा पड़ा ,बर्षों से लंबित पड़े निर्माण कार्य जनकपुर एवँ वनखेडॉ का पिछोर तथा खनियाधना की पुलिस प्रशासन की मदद से करवाना जिसमें स्थानीय जन प्रतिनिधियो से उलझना समूह दलालो की दूकानदारी बंद करना जैसे कारणो सेएक बडे विरोधियों की टीम तत्कालीन बीआरसीसी भदौरिया के विरुद्ध खडी हो गई ओर वरिष्ठ अधिकारियों से संरक्षण के स्थान पर उन्है यह मिला जिसके चलते माफिया हाबी हुए ओर भदौरिया को असमय विदा कर बापिस कर दिया गया ।
खनियांधाना में मध्यान्ह भोजन बितरण धंधा है
-खनियाधाना में मन्ध्यान्ह भोजन बितरण में स्व सहायता समूहों की भूमिका में भारी गोलमाल है यहाँ सारे समूहों में नाम के लिए महिलाओं के नाम लिखे है पर पॉवरफुल लोगो का कब्जा है 450 समूहो की 4500 महिलाओं में 50 को भी अपने अधिकारों का नही पता उनके लिए संघर्षरत रहने एँव सम्मेलन करनेकी बात अपने हटने से दो दिवस पूर्व बीआरसीसी भदौरिया ने आपकी आवाज़ के कार्यक्रम में एस पी शिवपुरी एवम एडी.एस पी तथा खनियाधाना पत्रकारों के समक्ष रखी थी और हटा दिए गये इधर समूहो की भूमिका को ठीक करने के लिए स्थानीय मीडियाकर्मियों ने भी अपने स्तर पर सहयोग का आश्वासन एवं लापरवाह पर कार्यबाही के प्रकरण अधिकारियो के समक्ष रखने की बात कही है






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