Press "Enter" to skip to content

कांगो में तांबे की खान का एक हिस्सा ढ़हने से 43 मजदूरों की मौत ! Inter National News

कांगो में तांबे की खान का एक हिस्सा ढ़हने से 43 मजदूरों की मौत
कांगो। डेमोक्रेटिक रिब्लिक कांगो के दक्षिणपूर्वी हिस्से में स्थित तांबे और कोबाल्ट की खान में बड़ा हादसा हुआ है। भूस्खलन के बाद खान की गैलरी ध्वस्त हो जाने की वजह से करीब 43 अवैध खनिकों की मौत हो गई है। एक अधिकारी ने कहा कि खान में लापता मजदूरों की तलाश के लिए अभियान चलाया जा रहा है। लूलाबा प्रांत के कोलवेजी इलाके में गुरुवार को यह दुर्घटना घटी।
स्विटजरलैंड की खनन कंपनी ग्लेनकोर की सहायक कंपनी कमोटो कॉपर कंपनी (KCC) यहा पर खनन कर रही थी। अधिकारियों ने बताया कि 36 लोगों की मौत का अनुमान लगाया गया था, लेकिन गुरुवार शाम और शुक्रवार को कुछ और शव मिलने के बाद मृतकों की संख्या बढ़कर 43 हो चुकी है। लूलाबा के गवर्नर रिचर्ड मुयेज की कैबिनेट के निदेशक जोसेफ याव कात्सुंग ने कहा कि हमें लगता है कि कई अन्य मजदूरों के शव मलबे के नीचे दबे हो सकते हैं।

अधिकारियों ने बताया कि हादसे में मारे गए लोगों की संख्या अभी स्पष्ट नहीं है। वहीं ‘रेड क्रॉस’ और अन्य कुछ संस्थानों ने मरने वालों की संख्या का अनुमान 60 से 80 के बीच लगाया है। मुएज ने कहा कि अवैध रूप से खुदाई करने वाले लोगों की वजह से भूस्खलन हुआ। वाणिज्यिक खदान स्थलों के किनारे अपने सामानों का इस्तेमाल करके स्वतंत्र श्रमिकों द्वारा अवैध खनन करना पूरे अफ्रीका में एक बड़ी समस्या है।
बताते चलें कि दक्षिणी कांगो और आस-पास की खदानों में हजारों अवैध खनिक काम करते हैं। पूरी दुनिया से खनन किए जाने वाले कोबाल्ट की करीब आधी मात्रा का खनन अकेले यहीं से किया जाता है। इस धातु का इस्तेमाल इलेक्ट्रिक कार बैटरी में एक प्रमुख घटक के रूप में किया जाता है।
More from Fast SamacharMore posts in Fast Samachar »

Be First to Comment

Leave a Reply

error: Content is protected !!