सैनिक कार्रवाई को सही व सटीक तरीके से अमल में लाने के लिए मानचित्र का अध्‍ययन अति आवश्यक – राजीव लोचन / Shivpuri News

दूरसंचार वाहिनी, आईटीबीपी में द्धितीय स्‍तर मानचित्र प्रशिक्षण का समापन

शिवपुरी। दूरसंचार वाहिनी आईटीबीपी में 18 अप्रैल से 18 मई तक क्षेत्रीय मुख्‍यालय के निर्देशानुसार चार सप्‍ताह का द्धितीय स्‍तर मानचित्र प्रशिक्षण का सफल संचालन राजीव लोचन शुक्‍ल उपमहानिरीक्षक, दूरसंचार वाहिनी आईटीबीपी की अध्‍यक्षता में किया गया जिसमें 13 प्रशिक्षणार्थियों द्धारा प्रतिभाग किया गया। इस प्रशिक्षण के दौरान प्रशिक्षणा‍र्थियों को मानचित्र सिखलाई जैसे मानचित्र संबंधित स्‍कैल, वैरियेशन, मैप टू ग्राउंड, ग्राउंड टू मैप, जमीनी निशान इत्‍यादि का प्रशिक्षण वाहिनी में तैनात कुशल प्रशिक्षकों द्धारा दिया गया। प्रशिक्षण के अंतिम परीक्षा परिणाम में समस्‍त 13 प्रशिक्षणार्थी उत्‍तीर्ण रहे तथा प्रथम स्‍थान सिपाही, जीडी अवधेशसिंह सेंगर, द्धितीय स्‍थान सुरवडे संदीप भागवत तथा तृतीय स्‍थान ओमवीरसिंह ने प्राप्‍त किया।

 

कोर्स समापन समारोह की अध्‍यक्षता करते हुए उप महानिरीक्षक राजीव लोचन शुक्‍ल दूर संचार वाहिनी ने प्रशिक्षणार्थी एवं प्रशिक्षकों को अपने संबोधन में कहा कि मानचित्र का अध्‍ययन एक सैनिक के लिए उतना ही आवश्‍यक है जितना कि उसके सैन्‍य जीवन में हथियार एवं जमीनी लडाई की सिखलाई, जमीनी स्‍तर पर सैनिक अपनी तैनाती के समय जंगल, नदी, पर्वतीय, शहरी एवं पठार क्षेत्र में विभिन्‍न सैनिक कार्रवाई को सही व सटीक तरीके से अमल में लाने हेतु मानचित्र का अध्‍ययन अति आवश्यक है। एक बेहतर कमांडर होने के नाते लडाई के समय स्‍वयं व अपने दल को सीमित संसाधन का सटीक उपयोग कर बेहतर परिणाम देना ही युद्ध में विजय का प्रतीक है।