शिवपुरी। मध्यप्रदेश सरकार की मुफ्त राशन योजना के बीच शिवपुरी जिले के गता झलकुई गांव से राशन वितरण में गंभीर लापरवाही का मामला सामने आया है। चार महीनों से राशन नहीं मिलने से नाराज ग्रामीणों ने सरकारी राशन दुकान पर पहुंचकर विरोध प्रदर्शन किया और सेल्समैन पर मनमानी के आरोप लगाए।
ग्रामीणों का कहना है कि राशन दुकान का सेल्समैन हर महीने उनका फिंगरप्रिंट और अंगूठा लगवा लेता है, लेकिन अनाज देने के नाम पर उन्हें खाली हाथ लौटा दिया जाता है। गांव के लोगों ने आरोप लगाया कि जब राशन की मांग की जाती है तो सेल्समैन अभद्र व्यवहार करते हुए कहता है कि “जहां शिकायत करनी है कर लो।”
ग्रामीणों के मुताबिक करीब 200 से 300 लोग इस समस्या से प्रभावित हैं। राशन कार्डधारकों का कहना है कि ऑनलाइन रिकॉर्ड में राशन वितरण दर्शाया जा रहा है, जबकि हकीकत में उन्हें अनाज नहीं दिया जा रहा। विरोध करने पर ग्रामीणों को डराया-धमकाया भी जाता है।
राशन दुकान के बाहर बड़ी संख्या में महिलाएं और बुजुर्ग अपने हक की मांग को लेकर एकत्रित हुए। तपती धूप में घंटों खड़े ग्रामीणों ने प्रशासन से कार्रवाई की मांग की।
मामले की जानकारी मिलने पर नायब तहसीलदार रामनरेश आर्य मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों की शिकायत सुनी। ग्रामीणों ने दोषी सेल्समैन के खिलाफ सख्त कार्रवाई, पिछले चार महीनों का बकाया राशन तत्काल वितरण कराने और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है।





