शिवपुरी। जिले के नरवर तहसील अंतर्गत ग्राम थरखेड़ा के आदिवासी किसान लाडले आदिवासी पुत्र डुंगा आदिवासी ने अपनी पुश्तैनी कृषि भूमि से बेदखल किए जाने का आरोप लगाते हुए कलेक्टर से न्याय की गुहार लगाई है। किसान ने रोते-बिलखते हुए आवेदन सौंपकर निष्पक्ष कार्रवाई की मांग की।
आवेदन में बताया गया है कि सर्वे नंबर 1440/2 की जमीन पर वह वर्षों से खेती-किसानी कर अपने परिवार का भरण-पोषण कर रहे हैं। 27 अप्रैल 2026 को हल्का पटवारी, सरपंच अर्जुन सिंह एवं अन्य लोगों के साथ मौके पर पहुंचे और जमीन का सीमांकन करने लगे।
किसान का आरोप है कि इस दौरान उसे धमकाया गया और कहा गया कि यह जमीन सरकारी है, यहां से हट जाओ, अन्यथा जेल भेज दिया जाएगा। उनका कहना है कि सीमांकन की कोई पूर्व सूचना नहीं दी गई थी।
पीड़ित ने बताया कि इसी जमीन से उसके परिवार का पालन-पोषण और बच्चों की पढ़ाई होती है। ऐसे में बेदखली की कार्रवाई से उनका जीवन प्रभावित होगा।
किसान ने कलेक्टर से मांग की है कि उसकी पुश्तैनी जमीन से बेदखल न किया जाए और मामले की निष्पक्ष जांच कर उचित कार्रवाई की जाए।





